
आज से देशभर में विघ्नहर्ता गणपति बप्पा के आगमन का पर्व गणेश चतुर्थी धूमधाम से शुरू हो गया है। श्रद्धालु बड़े उत्साह और भक्ति भाव से घरों और सार्वजनिक पंडालों में गणपति बप्पा की स्थापना कर रहे हैं। यह पर्व आगामी दस दिनों तक चलेगा और अनंत चतुर्दशी के दिन विधिवत विसर्जन के साथ संपन्न होगा। इस दौरान भक्तों में विशेष उत्साह देखने को मिलता है और महाराष्ट्र, गुजरात, मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, कर्नाटक और आंध्र प्रदेश सहित पूरे देश में इसका विशेष महत्व है। इस बार गणेश चतुर्थी का पर्व 27 अगस्त 2025 से शुरू होकर 6 सितंबर 2025 तक मनाया जाएगा।
गणेश चतुर्थी का महत्व
गणेश चतुर्थी का पर्व भगवान गणेश की आराधना का सबसे बड़ा अवसर माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन भगवान गणेश का जन्म हुआ था और तभी से इस दिन उनकी पूजा-आराधना विशेष फलदायी मानी जाती है। गणेश जी को विघ्नहर्ता, मंगलकर्ता और बुद्धि के देवता माना जाता है। ऐसा विश्वास है कि गणेश चतुर्थी पर विधिपूर्वक गणपति की स्थापना और पूजा करने से घर-परिवार में सुख-समृद्धि आती है और सभी प्रकार के कष्ट दूर हो जाते हैं। यह पर्व न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक है बल्कि सामाजिक एकता और उत्सवधर्मिता का भी परिचायक है।
गणपति स्थापना का शुभ मुहूर्त
ज्योतिषाचार्यों के अनुसार, गणपति की स्थापना के लिए 27 अगस्त को सुबह 11:20 बजे से दोपहर 1:50 बजे तक का समय अत्यंत शुभ है। इसके अलावा, शाम 4:30 बजे से 6:00 बजे तक का समय भी स्थापना के लिए उत्तम माना गया है। भक्तजन इस शुभ मुहूर्त में गणपति जी की मूर्ति की स्थापना कर सकते हैं। मूर्ति स्थापना से पूर्व घर या पंडाल में शुद्धि और गंगाजल से छिड़काव करने की परंपरा है। माना जाता है कि शुभ मुहूर्त में स्थापना करने से भगवान गणेश की विशेष कृपा प्राप्त होती है।
गणपति पूजन विधि
गणेश चतुर्थी पर गणपति स्थापना और पूजन की विधि अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। सबसे पहले कलश स्थापना कर गंगाजल, आमपत्र और नारियल रखकर देवताओं का आह्वान किया जाता है। इसके बाद गणपति जी की मूर्ति को लाल कपड़े पर विराजित कर उनकी प्राण-प्रतिष्ठा की जाती है। पूजन के दौरान दूर्वा, लाल पुष्प, मोदक, लड्डू और पंचमेवा अर्पित किए जाते हैं। गणपति जी को विशेष रूप से मोदक प्रिय हैं, इसलिए प्रसाद में मोदक चढ़ाने की परंपरा है। गणेश अथर्वशीर्ष, गणपति स्तोत्र और 108 नामों का पाठ करने से विशेष पुण्य की प्राप्ति होती है। पूजन के दौरान ‘ॐ गं गणपतये नमः’ मंत्र का जाप करना अत्यंत शुभ माना जाता है।
दस दिवसीय उत्सव का महत्व
गणेश चतुर्थी से लेकर अनंत चतुर्दशी तक दस दिनों तक भगवान गणेश की आराधना की जाती है। इन दिनों भक्त हर सुबह-शाम आरती और भजन-कीर्तन करते हैं। देशभर में जगह-जगह पंडाल सजाए जाते हैं, जिनमें भव्य मूर्तियां स्थापित कर भक्तजन दर्शन और पूजन के लिए आते हैं। महाराष्ट्र में यह पर्व विशेष रूप से बड़े धूमधाम से मनाया जाता है। यहां गणेशोत्सव न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक है बल्कि सांस्कृतिक कार्यक्रमों और सामाजिक एकजुटता का भी केंद्र होता है। दसवें दिन अनंत चतुर्दशी पर बप्पा का विसर्जन किया जाता है और भक्त ‘गणपति बप्पा मोरया, अगले बरस तू जल्दी आ’ के जयघोष के साथ उन्हें विदा करते हैं।
श्रद्धा और आस्था का पर्व
गणेश चतुर्थी का पर्व केवल पूजा-पाठ तक सीमित नहीं है, बल्कि यह भक्ति, उत्साह और एकता का प्रतीक बन चुका है। इस दौरान समाज के सभी वर्ग एक साथ मिलकर आयोजन में भाग लेते हैं। पूजा-पंडालों में सेवा, भजन-कीर्तन और प्रसाद वितरण से भाईचारे और सहयोग की भावना प्रबल होती है। माना जाता है कि गणपति जी की आराधना से जीवन की सभी बाधाएं दूर होती हैं और व्यक्ति को सही मार्ग पर चलने की प्रेरणा मिलती है।
निष्कर्ष
गणेश चतुर्थी का पर्व पूरे भारत में उत्साह और श्रद्धा के साथ मनाया जाता है। इस अवसर पर भक्तजन न केवल भगवान गणेश की पूजा करते हैं बल्कि उनके आदर्शों को भी अपने जीवन में उतारने का प्रयास करते हैं। गणेश जी बुद्धि, विवेक और समृद्धि के देवता हैं। इस वर्ष गणेश महोत्सव 27 अगस्त से शुरू होकर 6 सितंबर को संपन्न होगा। श्रद्धालुओं के लिए यह अवसर अपने जीवन में सकारात्मकता और मंगलकामना लाने का है।
Author: THE CG NEWS
TheCGNews.in – छत्तीसगढ़ की सच्ची आवाज़ “TheCGNews.in” छत्तीसगढ़ का एक उभरता हुआ डिजिटल न्यूज़ पोर्टल है, जो प्रदेश की ज़मीन से जुड़ी, वास्तविक और निष्पक्ष खबरें लोगों तक पहुँचाने के मिशन के साथ कार्यरत है। इस पोर्टल की सबसे बड़ी ताकत है – स्थानीयता और विश्वसनीयता। TheCGNews.in का फोकस सिर्फ ब्रेकिंग न्यूज पर नहीं, बल्कि उन खबरों पर है जो आम लोगों के जीवन को प्रभावित करती हैं – गांव, कस्बों, पंचायत, युवाओं, शिक्षा, रोजगार, राजनीति, संस्कृति और जन-समस्याओं की सच्ची झलक यहाँ देखने को मिलती है। TheCGNews.in की खास बातें: • ✅ छत्तीसगढ़ की हर कोने से रिपोर्टिंग • ✅ सिर्फ सनसनी नहीं – समाधान की पत्रकारिता • ✅ युवाओं और किसानों की आवाज़ • ✅ भ्रष्टाचार, विकास और बदलाव की असली रिपोर्ट • ✅ हिंदी में सरल और स्पष्ट भाषा में खबरें







