इंडिगो ऑपरेशन संकट गहराया: 610 करोड़ का रिफंड, 3 हजार बैगेज लौटे; छठे दिन 650 से ज्यादा फ्लाइटें रद्द

SHARE:

इंडिगो फ्लाइट ऑपरेशन संकट छठे दिन और गहरा गया है। रविवार तक एयरलाइन ने यात्रियों को 610 करोड़ रुपए से ज्यादा का रिफंड जारी कर दिया है, जबकि देशभर में 3 हजार से अधिक बैगेज वापस यात्रियों तक पहुंचाए गए हैं। नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि रिफंड या रीबुकिंग के लिए अतिरिक्त शुल्क नहीं लिया जाएगा और सभी एयरपोर्ट्स पर यात्रियों की मदद के लिए विशेष सपोर्ट सेल तैनात किए गए हैं। हालांकि फ्लाइट ऑपरेशन में धीरे-धीरे सुधार की बात कही जा रही है, लेकिन आज भी 650 से अधिक उड़ानें कैंसिल होने से देशभर के एयरपोर्ट्स पर अफरा-तफरी की स्थिति बनी हुई है।

सरकार सख्त, 7 दिसंबर तक पूरा रिफंड प्रोसेस पूरा करने का निर्देश

सरकार ने इंडिगो पर सख्ती दिखाते हुए एयरलाइन को आदेश दिया है कि कैंसिल या रुकी हुई सभी फ्लाइटों का पूरा रिफंड 7 दिसंबर रात 8 बजे तक पूरा किया जाए। इसके अलावा एयरलाइन को 48 घंटे के भीतर सभी पैसेंजर बैगेज ट्रेस कर डिलीवर करने का निर्देश दिया गया है।

सरकार ने साथ ही इंडिगो के CEO से 24 घंटे के भीतर जवाब मांगा है कि आखिर पिछले 5 दिनों से जारी संकट पर कार्रवाई क्यों न की जाए। यदि एयरलाइन जवाब नहीं देती, तो DGCA एकतरफा एक्शन ले सकता है।

इस बीच, बढ़ते किराए पर लगाम लगाने के लिए मंत्रालय ने सभी एयरलाइंस के लिए अधिकतम किराया सीमा तय कर दी है। अब 500 किमी रूट तक किराया 7500 रुपए से अधिक नहीं लिया जा सकेगा। वहीं 1000 किमी तक की दूरी पर अधिकतम किराया 12 हजार रुपए तय किया गया है।

देशभर में फ्लाइटें रद्द, यात्रियों में नाराजगी, कई एयरपोर्ट्स पर हंगामा

रविवार को देश के कई प्रमुख एयरपोर्ट्स पर भारी अव्यवस्था देखने को मिली। दिल्ली और मुंबई में 220 से अधिक उड़ानें रद्द की गईं, जबकि हैदराबाद से 115 उड़ानें कैंसिल हुईं।

कोलकाता एयरपोर्ट पर 76 फ्लाइटें, अहमदाबाद में 21 फ्लाइटें, त्रिची में 11 फ्लाइटें, और अगरतला में 9 फ्लाइटें रद्द की गईं।

मध्यप्रदेश में हालात और खराब रहे—इंदौर से 25, भोपाल से 4, और जबलपुर से 2 फ्लाइटें कैंसिल होने से यात्रियों में नाराजगी बढ़ी। इंदौर और भोपाल एयरपोर्ट पर यात्रियों ने हंगामा भी किया। कई यात्रियों को एयरपोर्ट पर घंटों इंतजार करने के बाद ही पता लगा कि उनकी फ्लाइट रद्द हो चुकी है।

सबसे गंभीर स्थिति चेन्नई और बंगाल के रूट्स पर देखी गई, जहां रीशेड्यूल के बाद भी फ्लाइटें कैंसिल हो जाने से हजारों यात्री फंस गए। कई यात्रियों के होटल खर्च, इवेंट्स और कनेक्टिंग फ्लाइट्स मिस होने की खबरें सामने आई हैं।

संसदीय समिति भी सक्रिय, DGCA से जवाब तलब की तैयारी

इंडिगो संकट ने केंद्र सरकार और संसद तक हलचल मचा दी है। जानकारी के अनुसार, ट्रांसपोर्ट, टूरिज्म और कल्चर से जुड़ी संसदीय समिति इंडिगो के टॉप मैनेजमेंट, DGCA और सिविल एविएशन मंत्रालय से जवाब मांग सकती है।

JD(U) नेता संजय झा की अध्यक्षता वाली यह स्टैंडिंग कमेटी अगले कुछ दिनों में एयरलाइन के सामने कई तकनीकी और प्रबंधन से जुड़े सवाल रख सकती है। समिति का मानना है कि इतनी बड़ी संख्या में कैंसिलेशन और लाखों यात्रियों के फंसने का मतलब है कि ऑपरेशन मैनेजमेंट में गंभीर खामियां हैं जिन्हें छिपाया नहीं जा सकता।

कांग्रेस नेता पी. चिदंबरम ने भी सरकार और DGCA को कठघरे में खड़ा करते हुए कहा कि जब तक एयरलाइन सेक्टर पर सिर्फ दो कंपनियों का दबदबा रहेगा, तब तक हवाई सेवाएं यात्रियों के हित में सुरक्षित नहीं होंगी। उन्होंने कहा—“इंडिगो संकट ने साबित कर दिया है कि प्रबंधन, मंत्रालय और DGCA—तीनों अपनी जिम्मेदारी निभाने में असफल रहे।”

क्यों बिगड़ा इंडिगो का ऑपरेशन: नए नियमों से स्टाफ की भारी कमी

इंडिगो का ऑपरेशन प्रभावित होने की सबसे बड़ी वजह पायलटों और क्रू मेंबर्स से जुड़े फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन (FDTL) के नए नियम माने जा रहे हैं।

नवंबर से लागू हुए इन नियमों में पायलटों को अधिक आराम देने की बाध्यता बढ़ा दी गई, जिसका असर सीधे उड़ान संचालन पर पड़ा। इंडिगो ने दावा किया है कि इस बदलाव के चलते स्टाफ की भारी कमी हो गई और ऑपरेशन अचानक लड़खड़ा गया।

दबाव बढ़ता देख केंद्र सरकार ने शुक्रवार को इन नियमों में अस्थायी राहत देते हुए 10 फरवरी 2026 तक पुराने प्रावधान लागू रखने का निर्णय लिया।

इंडिगो का दावा—10 दिसंबर तक हालात सामान्य हो जाएंगे

इंडिगो ने बयान जारी करते हुए कहा है कि ऑपरेशन्स 10 दिसंबर तक पूरी तरह सामान्य होने की उम्मीद है। पेरेंट कंपनी इंटरग्लोब एविएशन ने संकट पर नजर रखने के लिए क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप बनाया है।

इंडिगो CEO पीटर एल्बर्स ने कहा—“हम 138 में से 137 डेस्टिनेशंस पर 1650 फ्लाइट ऑपरेट कर रहे हैं। ऑन-टाइम परफॉर्मेंस 75% तक पहुंच चुकी है और सेवाएं तेजी से सामान्य हो रही हैं।”

लेकिन यात्रियों का भरोसा तभी लौटेगा, जब सोमवार और आगामी दिनों में कैंसिलेशन की संख्या कम होकर सामान्य स्तर पर आएगी।

THE CG NEWS
Author: THE CG NEWS

TheCGNews.in – छत्तीसगढ़ की सच्ची आवाज़ “TheCGNews.in” छत्तीसगढ़ का एक उभरता हुआ डिजिटल न्यूज़ पोर्टल है, जो प्रदेश की ज़मीन से जुड़ी, वास्तविक और निष्पक्ष खबरें लोगों तक पहुँचाने के मिशन के साथ कार्यरत है। इस पोर्टल की सबसे बड़ी ताकत है – स्थानीयता और विश्वसनीयता। TheCGNews.in का फोकस सिर्फ ब्रेकिंग न्यूज पर नहीं, बल्कि उन खबरों पर है जो आम लोगों के जीवन को प्रभावित करती हैं – गांव, कस्बों, पंचायत, युवाओं, शिक्षा, रोजगार, राजनीति, संस्कृति और जन-समस्याओं की सच्ची झलक यहाँ देखने को मिलती है। TheCGNews.in की खास बातें: • ✅ छत्तीसगढ़ की हर कोने से रिपोर्टिंग • ✅ सिर्फ सनसनी नहीं – समाधान की पत्रकारिता • ✅ युवाओं और किसानों की आवाज़ • ✅ भ्रष्टाचार, विकास और बदलाव की असली रिपोर्ट • ✅ हिंदी में सरल और स्पष्ट भाषा में खबरें

Leave a Comment

सबसे ज्यादा पड़ गई